घुटन भरी थी वो रात
जिसने छेड़ी तेरी बात
मन की यादों में सिमटे हैं
पल जो साथ बिताए रात
मरते दम तक साथ रहेगी
तेरी चाहत की सौगात
चंदा को भी तरसेगी अब
झिलमिल तारों की बारात
मन की प्यास बढ़ा जाएगी
जब-जब आएगी बरसात
जिसने छेड़ी तेरी बात
मन की यादों में सिमटे हैं
पल जो साथ बिताए रात
मरते दम तक साथ रहेगी
तेरी चाहत की सौगात
चंदा को भी तरसेगी अब
झिलमिल तारों की बारात
मन की प्यास बढ़ा जाएगी
जब-जब आएगी बरसात